बिहार में लालू प्रसाद पर भ्रष्टाचार के आरोप तथा उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव के खिलाफ सीबीआई केस दर्ज होने के बाद महागठबंधन में जारी गतिरोध पर बोलते हुए जदयू के महासचिव केसी त्यागी ने कहा है कि इस वक्त बिहार में गठबंधन की अग्नि परीक्षा का समय है. तेजस्वी यादव को अपने आप को पाक साफ साबित करना चाहिए. अपने खिलाफ लगे आरोपों (सीबीआई केस) से उनको बेदाग निकलकर आना चाहिए. उन्होंने कहा है कि इस मामले में उनकी धारणा अलग है और हमारी राय अलग है. केसी त्यागी ने यह भी कहा कि नीतीश कुमार की छवि सुशासन की है. अगर उस पर खरोंच या दाग लगता है तो फिर ना तो गठबंधन चलाने का कोई औचित्य रहेगा और ना ही बिहार में सरकार के प्रति कोई सम्मान रहेगा.
गौरतलब है कि बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने तेजस्वी यादव को खुद को पाक साफ साबित करने के लिए समय दिया है. मंगलवार को अपनी चुप्पी तोड़ते हुए साफ किया कि वे सहयोगी लालू यादव और उनके बेटे तेजस्वी यादव से क्या चाहते हैं. तेजस्वी यादव बिहार सरकार में नंबर दो की हैसियत रखते हैं.
पार्टी नेताओं की बैठक के बाद जेडीयू पार्टी के प्रवक्ता नीरज कुमार ने सीएम नीतीश कुमार की मंशा को सामने रखते हुए कहा, “जो लोग भ्रष्टाचार के आरोपों का सामना कर रहे हैं, उन्हें जनता का सामना करना चाहिए और अपने आपको बेदाग साबित करना चाहिए. हमें भरोसा है कि वे ऐसा करेंगे.”
नीतीश के समय देने के बाद पहली बार अपनी चुप्पी तोड़ते हुए राजद नेता और उपमुख्यमंत्री तेजस्वी यादव ने बुधवार को कहा है कि मुझ पर एफआईआर राजनीतिक साजिश है. ये महागठबंधन को तोड़ने की कोशिश है. मुझे पिछड़ा होने की सजा दी जा रही है. लालू यादव के परिवार पर छापेमारी के बाद पहली राज्य सरकार की पहली कैबिनेट बैठक में हिस्सा लेने पहुंचे तेजस्वी यादव ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि ये 28 साल के नौजवान से डरते हैं और सवालिया लहजे में पूछा कि जिन आरोपों की बात विपक्ष कह रहा है तब उनकी उम्र 13-14 साल की थी. और ठीक से मूँछ दाढ़ी भी नहीं आये थे , ऐसे में क्या 13-14 साल की उम्र में घोटाला करेंगे. उन्होंने कहा था हम इस मुद्दे पर नहीं झुकेंगे और जरूरत पड़ने पर लोगों के बीच जाएंगे.