सीरिया के नॉर्थ-वेस्ट इदलिब प्रोविंस में मंगलवार को केमिकल गैस के अटैक में करीब 100 लोगों की मौत हो गई। इनमें 11 बच्चे शामिल हैं। अटैक में 400 से ज्यादा लोग बीमार हो गए हैं। सीरियन ऑब्जर्वेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स के मुताबिक, अटैक विद्रोहियों के कब्जेवाले खान शेखौन शहर में सीरियाई सरकार या रूसी जेट से किया गया।
अटैक के बाद कई लोगों का दम घुटने लगा और कई बेहोश हो गए।
– सीरिया सरकार केमिकल हमले के आरोपों को हमेशा खारिज करती रही है।
– हॉस्पिटल लाए गए लोगों पर जहरीली गैस का काफी असर हुआ है।
– इन्हें सांस लेने में परेशानी हो रही है। दम घुटने से बेहोश हो रहे हैं। उलटी कर रहे हैं। कई के मुंह से झाग निकल रहे हैं।
धमाके के बाद फैली गैस और लोगों का दम घुटने लगा
– इदलिब की चैरिटी एंबुलेंस सर्विस के मुखिया मुहम्मद रसूल ने बताया कि उसने सुबह करीब 06:45 बजे हवाई हमले के धमाके सुने थे।
– उसके बाद फैली गैस की वजह से लोगों का दम घुटना शुरू हो गया।
– रसूल ने बताया कि हालात बहुत खराब हैं। बच्चों पर सबसे ज्यादा असर हुआ है।।
– एएफपी रिपोर्टर ने अस्पताल में दो मरे हुए लोगों को देखा जिनके मुंह से झाग निकल रहे थे।
सरकार पर दमिश्क पर भी हमले का आरोप
– सीरिया की सरकार पर वेस्टर्न कंट्रीज ने राजधानी दमिश्क पर केमिकल अटैक करने का आरोप लगाए था। उसमें 500 लोग मारे गए थे।
– प्रेसिडेंट बशर अल असद ने उन आरोपों को गलत बताया था। उन्होंने कहा कि विद्रोही केमिकल अटैक कर सरकार को बदनाम कर रहे हैं।
फ्रांस ने UN से आपातकालीन मीटिंग बुलाने की माँग की !
– फ्रांस के प्रेसिडेंट फ्रांस्वा ओलांद ने सस्पेक्टेट केमिकल अटैक के लिए सीधेतौर पर सीरिया सरकार को जिम्मेदार ठहराया है।
– उनका यह भी कहना था कि ओलांदे के मददगार उन्हें उकसा रहे हैं।
– आेलांद ने अपने बयान में कहा, “एक बार फिर सीरिया सरकार लोगों के मारे जाने की जिम्मेदारी लेने से इनकार करेगी, जैसा कि 2013 में बशर अल-असद ने किया था।”
– फ्रांस ने इस केमिकल अटैक पर बातचीत के लिए यूएन सिक्युरिटी काउंसिल से इमरजेंसी मीटिंग बुलाने की अपील की है।
– उधर, सीरियन आर्मी ने इस हमले में उसके शामिल होने से इनकार किया है।